Jamui Viral Video: बिहार के जमुई में वायरल वीडियो पर पुलिस का एक्शन, तीन आरोपी गिरफ्तार

Jamui Viral Video: बिहार के जमुई में वायरल वीडियो पर पुलिस का एक्शन, तीन आरोपी गिरफ्तार

बिहार के जमुई में नाबालिग युवक-युवती को रास्ते में रोककर कथित अभद्र व्यवहार और छेड़खानी किए जाने का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने कार्रवाई की है। पुलिस के मुताबिक घटना 19 सितंबर की शाम की है। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने पीड़ितों की पहचान कर उनका बयान दर्ज किया और मामले में तीन युवकों को गिरफ्तार किया है।

वहीं, कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने घटना को लेकर बिहार सरकार से सवाल किए हैं। उन्होंने वीडियो में नजर आ रहे सभी लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ POCSO के तहत कार्रवाई की मांग की है।

वायरल वीडियो के बाद पुलिस ने शुरू की जांच

घटना जमुई टाउन थाना क्षेत्र के मड़वा गांव इलाके की बताई जा रही है। वायरल वीडियो में बाइक सवार नाबालिग युवक और युवती को कुछ लोग रोकते और घेरते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में युवती हाथ जोड़कर उन्हें जाने देने की अपील करती नजर आती है।

वह कहती सुनाई दे रही है, “बच्चा हैं, जाने दीजिए। अब कभी नहीं आएंगे।”

वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने इसकी जांच शुरू की। जमुई के एसपी विश्वजीत दयाल के मुताबिक, पुलिस को वीडियो मिला था। इसके आधार पर पीड़िता की पहचान की गई और उसका बयान दर्ज किया गया।

एसपी ने बताया कि शुरुआती जांच में घटना 19 सितंबर की शाम करीब सात बजे की सामने आई है। वीडियो में छह-सात लोग दिखाई दे रहे हैं और इनमें से कुछ की पहचान की जा चुकी है।

तीन युवकों की गिरफ्तारी, बाकी लोगों की पहचान जारी

जमुई पुलिस ने मामले में छापेमारी कर तीन युवकों को गिरफ्तार किया है। उनकी पहचान मड़वा गांव निवासी मिथिलेश, प्रमोद और गोलू के रूप में बताई गई है। तीनों की उम्र करीब 24 से 26 वर्ष के बीच बताई जा रही है।

पुलिस वीडियो में दिखाई दे रहे अन्य लोगों की पहचान और उनकी भूमिका की भी जांच कर रही है। सामने आए तथ्यों और पीड़ित के बयान के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

पुलिस ने खुद लिया मामले का संज्ञान

एसपी विश्वजीत दयाल के अनुसार, शुरुआत में घटना को लेकर पुलिस के पास कोई औपचारिक शिकायत नहीं आई थी। वायरल वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने खुद मामले का संज्ञान लिया और वीडियो के आधार पर पीड़िता तक पहुंचकर उसका बयान दर्ज किया।

अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि घटना के समय वहां कौन-कौन लोग मौजूद थे और किसकी क्या भूमिका थी। वायरल वीडियो को भी जांच का अहम हिस्सा बनाया गया है।

राहुल गांधी ने POCSO के तहत कार्रवाई की मांग की

वीडियो सामने आने के बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए प्रतिक्रिया दी। उन्होंने इसे “बेहद परेशान करने वाला” वीडियो बताया।

राहुल गांधी ने कहा कि दो 10वीं कक्षा के छात्रों को रास्ते में रोका गया और उनके साथ कथित तौर पर मारपीट, उत्पीड़न और लड़की के साथ छेड़छाड़ की गई। उन्होंने यह भी कहा कि वीडियो में लड़की हाथ जोड़कर जाने देने की गुहार लगाती दिखाई दे रही है।

राहुल गांधी ने सवाल उठाया कि इन लोगों को इस तरह का व्यवहार करने का अधिकार किसने दिया।

घटना पर बिहार में सियासत भी तेज

राहुल गांधी ने मांग की कि वीडियो में दिखाई दे रहे हर व्यक्ति की पहचान की जाए और आरोपियों के खिलाफ POCSO के तहत कार्रवाई हो। उन्होंने यह सवाल भी उठाया कि अगर घटना 19 सितंबर की है तो आरोपियों के खिलाफ अब तक क्या कार्रवाई हुई।

उन्होंने बिहार सरकार से शाम करीब सात बजे सार्वजनिक सड़क पर लड़की की सुरक्षा को लेकर ऐसी स्थिति बनने पर भी सवाल किया।

घटना के बाद बिहार में राजनीतिक बयानबाजी भी शुरू हो गई। आरजेडी प्रवक्ता शक्ति सिंह यादव ने सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा कि यह घटना राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर सवाल खड़े करती है।

वहीं, भाजपा की ओर से कहा गया कि सरकार सुशासन के सिद्धांत पर काम कर रही है और कानून तोड़ने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और वीडियो में दिखाई दे रहे लोगों की पहचान के बाद कानून के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस के मुताबिक अब तक तीन आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है, जबकि वीडियो में दिखाई दे रहे अन्य लोगों की भूमिका की जांच जारी है।