रामलीला मैदान में INDIA गठबंधन की महारैली, अखिलेश यादव का दावा- यूपी में 1.27 लाख हिंदुओं के वोट कटे

रामलीला मैदान में INDIA गठबंधन की महारैली, अखिलेश यादव का दावा- यूपी में 1.27 लाख हिंदुओं के वोट कटे
हाइलाइट्स
• अखिलेश यादव का दावा- यूपी में 1.27 लाख हिंदुओं के वोट काटे गए
• रामलीला मैदान की रैली में 23 पार्टियों के नेता शामिल हुए
• राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे ने भाजपा और चुनाव आयोग पर निशाना साधा

दिल्ली के रामलीला मैदान में रविवार को INDIA गठबंधन ने 'वोट बचाओ, देश बचाओ' महारैली के जरिए चुनाव आयोग और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर अपनी आवाज उठाई। रैली में समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव, कांग्रेस नेता राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे समेत 23 पार्टियों के नेता शामिल हुए। इस दौरान अखिलेश यादव ने दावा किया कि उत्तर प्रदेश में 1.27 लाख हिंदुओं के वोट काटे गए हैं। वहीं, राहुल गांधी और खरगे ने भी भाजपा और केंद्र सरकार पर निशाना साधा।

अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग पर उठाए सवाल

रैली को संबोधित करते हुए समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग पर निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि उत्तर प्रदेश में हिंदुओं के 1.27 लाख वोट हटा दिए गए हैं। अखिलेश के मुताबिक, हर विधानसभा क्षेत्र से करीब 31,000 वोट काटे गए हैं।

उन्होंने MLC चुनावों का जिक्र करते हुए कहा कि काशी की जनता ने 'डबल-इंजन' सरकार को 'डबल जीरो' दिया है। अखिलेश ने आरोप लगाया कि 2022 में BJP ने वोट चुराकर उत्तर प्रदेश में अपनी सरकार बनाई थी।

उन्होंने कहा कि 2027 में BJP सरकार को उत्तर प्रदेश से बाहर कर दिया जाएगा। अखिलेश ने यह भी कहा कि जो लोग पाप करते हैं, उनका अंततः विनाश हो जाता है।

राहुल गांधी ने भाजपा पर लगाया दुकानदारों को नुकसान पहुंचाने का आरोप

लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने रैली में शामिल होने के लिए आने वाले लोगों से स्थानीय दुकानदारों से खरीदारी करने की अपील की थी। हालांकि, रामलीला मैदान जाते समय उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने जबरन दुकानें बंद करवा दीं।

राहुल गांधी ने कहा, “हमने रैली में आने वालों से यहां शॉपिंग करने की अपील की थी, जिससे दुकानदारों का फायदा हो सके, लेकिन कनॉट प्लेस आते समय पता चला है कि BJP ने जबरदस्ती सारी दुकानें बंद करवा दी हैं. देश देख रहा है कि BJP दुकानदारों का नुकसान कर रही है.”

वहीं, सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए राहुल गांधी ने व्यापारियों को आश्वासन दिया कि रैली से उन्हें नुकसान नहीं होगा। उन्होंने भाजपा पर अफवाह फैलाने का आरोप लगाते हुए लोगों से रैली में शामिल होने के साथ खरीदारी करने की अपील की।

मल्लिकार्जुन खरगे ने मोदी-शाह और ज्ञानेश कुमार पर साधा निशाना

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने अपने संबोधन में ज्ञानेश कुमार पर गलत हथकंडे अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि वे ऐसी संस्थाओं से डरते नहीं हैं।

खरगे ने आरोप लगाया कि मोदी और शाह ने CBI और ED का दुरुपयोग किया है। उन्होंने कहा कि ऐसी हरकतों से विपक्ष दबने वाला नहीं है। खरगे के मुताबिक, लोकतंत्र को बचाने के लिए मोदी को सत्ता से हटाना जरूरी है।

खरगे के आवास पर जुटे विपक्षी नेता, 23 पार्टियों की भागीदारी

रैली से पहले कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के आवास पर विपक्षी नेताओं का जमावड़ा लगा। हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, केरल के मुख्यमंत्री, कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल, रणदीप सुरजेवाला और प्रियंका गांधी समेत कई वरिष्ठ नेता वहां पहुंचे।

इसके बाद सभी नेताओं को रामलीला मैदान के लिए रवाना होना था। रैली में अखिलेश यादव और ममता बनर्जी समेत 23 पार्टियों के नेताओं के शामिल होने की जानकारी दी गई। आयोजकों की ओर से यहां 10 लाख लोगों के जुटने का दावा किया गया।

रैली का आयोजन शाम 5 बजे तक किया जाना था। इससे पहले INDIA गठबंधन के नेताओं ने कनॉट प्लेस से रामलीला मैदान तक पैदल मार्च निकालने की भी योजना बनाई थी। राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर मार्च का रूट मैप साझा करते हुए लिखा, “मिलते हैं, साथ चलते हैं!”

सुबह 5:30 बजे से पहुंचने लगे थे लोग, सुरक्षा के कड़े इंतजाम

रविवार सुबह से ही रामलीला मैदान में रैली के लिए लोगों का पहुंचना शुरू हो गया था। कई वामपंथी दलों के समर्थक भी नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंचे। कार्यकर्ता पार्टी के झंडे और बैनर लेकर रैली स्थल की ओर जाने वाले लोगों के साथ शामिल होने के लिए स्टेशन के बाहर जमा हुए।

रैली की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर डीसीपी सेंट्रल रोहित राजबीर ने बताया कि सुबह 5:30 बजे से ही लोग कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचने लगे थे। उन्होंने कहा कि पुलिस प्रतिभागियों की मदद करने के साथ स्थानीय निवासियों को परेशानी से बचाने के लिए भी व्यवस्था कर रही है।

रोहित राजबीर के मुताबिक, पूरे इलाके में 200 से 250 CCTV कैमरे लगाए गए हैं। आयोजकों का अपना कंट्रोल रूम भी है और पुलिस उनके साथ मिलकर सुरक्षा व्यवस्था संभाल रही है। मार्च के रूट के लिए भी योजना तैयार की गई थी।

दिल्ली पुलिस ने रैली को देखते हुए ट्रैफिक एडवाइजरी भी जारी की थी। वहीं, आयोजन स्थल और मार्च के रास्ते पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे।