भारत-मालदीव मुक्त व्यापार समझौता वार्ता का पहला दौर पूरा

भारत-मालदीव मुक्त व्यापार समझौता वार्ता का पहला दौर पूरा

द्विपक्षीय व्यापार और निवेश संबंधों को विस्तार देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, भारत-मालदीव मुक्त व्यापार समझौते FTA के लिए वार्ता का पहला दौर सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

यह वार्ता 29 जून से 7 जुलाई 2026 तक वर्चुअल माध्यम से आयोजित की गई थी।

भारत की वार्ता टीम का नेतृत्व वाणिज्य विभाग में संयुक्त सचिव और मुख्य वार्ताकार उज्ज्वल कुमार घोष ने किया, जबकि मालदीव प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व उसके मुख्य वार्ताकार यूसुफ रिजा ने किया।

वार्ता के पहले दौर के दौरान, दोनों पक्षों की वार्ता टीमों ने आठ नीतिगत क्षेत्रों को शामिल करते हुए आठ तकनीकी सत्रों में लिखित चर्चा में भाग लिया। दोनों पक्षों ने वार्ता के सभी पहलुओं पर ठोस प्रगति की और कई मुद्दों पर व्यापक सहमति बनी।

8 जुलाई 2026 को केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने मालदीव के आर्थिक विकास, परिवहन एवं व्यापार मंत्री मोहम्मद सईद से मुलाकात की।

दोनों मंत्रियों ने भारत-मालदीव मुक्त व्यापार समझौता FTA वार्ता सहित चल रही द्विपक्षीय आर्थिक पहलों की प्रगति की समीक्षा की। भारत और मालदीव के बीच राजनयिक संबंधों के 60 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में, दोनों पक्षों ने द्विपक्षीय निवेश संधि BIT और मुक्त व्यापार समझौता FTA को जल्द से जल्द पूरा करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने दोनों देशों के लिए नए अवसर खोलने हेतु पर्यटन, स्टार्टअप, डिजिटल भुगतान, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) और व्यापार में सहयोग को और गहरा करने पर भी सहमति व्यक्त की।

भारत, मालदीव का दूसरा सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है। दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार 2025-26 में 771.76 मिलियन अमेरिकी डॉलर रहा, जबकि 2024-25 में यह 679.70 मिलियन अमेरिकी डॉलर था जो 13.54 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है।

प्रस्तावित मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) से बाजार पहुंच बढ़ाकरनिवेश को सुगम बनाकरआर्थिक सहयोग को बढ़ावा देकर और दोनों देशों में सतत आर्थिक विकास में योगदान देकर द्विपक्षीय आर्थिक और व्यापारिक संबंधों को और मजबूत करने की उम्मीद है। दोनों पक्ष निष्पक्षता और पारस्परिकता के सिद्धांतों से निर्देशित एक व्यापकसंतुलित और समग्र समझौते की दिशा में काम कर रहे हैं।