बॉलीवुड एक्टर राजपाल यादव इन दिनों काफी चर्चा में हैं। तिहाड़ जेल से वापस आने के बाद उन्होंने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की, जिसमें अपने केस के बारे में खुलकर बात की। उन्होंने बताया कि उनके पास आने वाले सात सालों के लिए कई बड़े प्रोजेक्ट्स हैं और उन्हें पैसों की कोई कमी नहीं है। साथ ही उन्होंने उन सभी लोगों का धन्यवाद किया, जिन्होंने मुश्किल समय में उनका साथ दिया।
राजपाल यादव ने बताया कि साल 2010 में बनी उनकी फिल्म ‘अता पता लापता’ में बिजनेसमैन माधव गोपाल अग्रवाल ने 5 करोड़ रुपये लगाए थे। यह फिल्म राजपाल यादव की बतौर डायरेक्टर पहली फिल्म थी, लेकिन फिल्म बॉक्स ऑफिस पर सफल नहीं हो पाई। उनके वकील भास्कर ने बताया कि समय के साथ इस रकम पर ब्याज जुड़ता गया और अब यह करीब 10.40 करोड़ रुपये हो गई है।
वकील का कहना है कि शिकायत करने वाले व्यक्ति की मंशा शुरू से ही राजपाल यादव को जेल भेजने की थी। उन्होंने यह भी कहा कि अगर शिकायतकर्ता पहले ही पूरी रकम ले लेते, तो यह मामला साल 2018 में ही खत्म हो सकता था। वकील ने दावा किया कि उन्होंने जमानत की रकम और प्रॉपर्टी के कागज लेने से भी इनकार कर दिया था।
दूसरी ओर राजपाल यादव ने कहा कि जब कई प्रोड्यूसर आर्थिक परेशानी में थे, तब उन्होंने उनकी फिल्मों में मुफ्त में काम किया है। उन्होंने यह भी बताया कि आने वाले सात सालों में उनके पास करीब 1200 करोड़ रुपये का काम है। इस समय उनके पास 10 फिल्में लाइन में हैं। उन्होंने बताया कि उनकी फिल्म ‘भूत बंगला’ जल्द रिलीज होने वाली है और इसके बाद वह ‘वेलकम टू द जंगल’ में भी नजर आएंगे।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में राजपाल यादव ने उन सभी लोगों का धन्यवाद किया, जिन्होंने मुश्किल समय में उनका साथ दिया। उन्होंने कहा कि कुछ लोग ऐसे भी थे जो ज्यादा प्रसिद्ध नहीं हैं, लेकिन उन्होंने भी हर कदम पर मदद की। राजपाल ने कहा कि यही लोग उनकी ताकत हैं।
उन्होंने भावुक अंदाज में कहा, “मैं राजा की तरह जीना चाहता हूं और मजदूर की तरह काम करना चाहता हूं। मैं राजा था, राजा हूं और राजा ही राजपाल रहूंगा। राजा कहीं भी हो, वह राजा ही रहता है, चाहे जेल में हो या बाहर।”
उनके वकील ने यह भी आरोप लगाया कि शिकायतकर्ता ने धमकी दी थी कि अगर 10.40 करोड़ रुपये नहीं दिए गए तो वह उनकी सारी संपत्ति बिकवा देंगे। हालांकि, इस बात की कोई रिकॉर्डिंग उनके पास नहीं है।
कुल मिलाकर, राजपाल यादव ने साफ किया कि वह अपने काम पर ध्यान दे रहे हैं और आगे की योजनाओं को लेकर पूरी तरह तैयार हैं।