इजराइल में काम कर रहे 6,004 यूपी के श्रमिकों की सुरक्षा पर सरकार सतर्क

Authored By: News Corridors Desk | 01 Mar 2026, 08:12 PM
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पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव को देखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार ने इजराइल में काम कर रहे राज्य के 6,004 निर्माण श्रमिकों की सुरक्षा को लेकर हाई अलर्ट जारी किया है। सरकार ने बताया है कि सभी श्रमिक फिलहाल सुरक्षित हैं और उनके हालात पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।

ये सभी श्रमिक वर्ष 2024 में राष्ट्रीय कौशल विकास निगम (NSDC) और इजराइल की सरकारी संस्था पीबा (Population Immigration and Border Authority) के माध्यम से चयनित होकर इजराइल भेजे गए थे। वहां वे अलग-अलग निर्माण परियोजनाओं में काम कर रहे हैं।

इजराइल में इस समय करीब 42 हजार भारतीय नागरिक रहते हैं। इनमें से 6,004 निर्माण श्रमिक उत्तर प्रदेश के हैं। मौजूदा हालात को देखते हुए तेल अवीव स्थित भारतीय दूतावास ने वहां रह रहे भारतीय नागरिकों के लिए सुरक्षा सलाह जारी की है। दूतावास ने सभी लोगों से सतर्क रहने, स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने और बिना जरूरत बाहर न निकलने की अपील की है।

आपात स्थिति में भारतीय नागरिक इन हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं:
972-54-7520711
972-54-2428378
ईमेल: cons1.telaviv@bhamea.gov.in

इसके अलावा पीबा की ओर से भी एक हेल्पलाइन नंबर 1-700-707-889 जारी किया गया है, जिस पर आपात स्थिति में सहायता ली जा सकती है।

प्रदेश के श्रम, सेवायोजन एवं समन्वय मंत्री अनिल राजभर ने श्रमिकों और उनके परिवारों को भरोसा दिलाया है कि सरकार उनकी सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। हर स्तर पर स्थिति की निगरानी की जा रही है।

प्रमुख सचिव श्रम एवं सेवायोजन डॉ. एमके शन्मुगा सुंदरम ने इजराइल में भारत के राजदूत जेपी सिंह से फोन पर बात की। उन्हें बताया गया कि हालात तनावपूर्ण जरूर हैं, लेकिन नियंत्रण में हैं और घबराने की जरूरत नहीं है। भारतीय मिशन लगातार स्थिति पर नजर रखे हुए है।

इजराइल में अधिकतर इमारतों में सुरक्षा शेल्टर (आश्रय स्थल) बने हुए हैं। श्रमिकों को निर्देश दिया गया है कि जरूरत पड़ने पर वे इन शेल्टर में रहें और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करें।

उत्तर प्रदेश सेवायोजन निदेशालय भी एनएसडीसी के साथ लगातार संपर्क में है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे भारतीय दूतावास से समन्वय बनाए रखें और श्रमिकों की सुरक्षा से जुड़ी हर जरूरी कार्रवाई करें।

कुल मिलाकर, सरकार और दूतावास दोनों ने साफ किया है कि फिलहाल सभी श्रमिक सुरक्षित हैं और किसी को घबराने की जरूरत नहीं है।